जब बचपन मे दोसत के साथ की हुई मस्तियाँ याद आती है
एक है सीने में जिगरा और दूसरे जिगरी यार।
सब रिश्तों से प्यारी है दोस्ती तुम्हारी,
लोगों के भगवान बदल जाते हैं एक मुराद ना पूरी होने पर।
ख्वाहिशों के साये में दोस्ती की तलाश थी,
दोस्त दो-चार निकलते हैं कहीं लाखों में
तेरी दोस्ती ही तो है, मेरा सबसे बड़ा खजाना।
वो दोस्त अब हमारी यादों में सिमट गया है।
“तेरी यारी से Dosti Shayari ही जिंदगी सुंदर, तेरे बिना सब कुछ फीका।”
ना लड़कियों में इंटरेस्ट था ना पढ़ाई का जज़्बा था,
तेरी मस्ती में तो दुनिया ही पलट जाती है!
दोस्ती का यही काफ़ी है, तू मेरे लिए खास है!
गहरी दोस्ती के रिश्ते में झगड़े भी होते हैं,
साथ चलने का एटीट्यूड और दिल से निभाने का अंदाज़ है।